EMAIL

info@unitefoundation.in

Call Now

+91-7-376-376-376

ब्लॉग

स्पीड गवर्नर से वाहनों की रफ्तार में लगेगा ब्रेक, परिवहन विभाग ने जारी किया निर्देश
11

स्पीड गवर्नर से वाहनों की रफ्तार में लगेगा ब्रेक, परिवहन विभाग ने जारी किया निर्देश

 वाहनों की तेज गति से चलाने से होने वाली दुर्घटना से बचने के परिवहन विभाग ने उपयोगी निर्देश जारी किया है। जिसके तहत विभाग ने वाहनों की स्पीड नियंत्रित करने के लिए वाहनों में स्पीड गवर्नर लगवाने का फैसला किया है। स्पीड गवर्नर एक वाहन की गति को मापने और कंट्रोल करने का एक उपकरण है। जिससे सड़क दुर्घटनाओं को रोकने में काफी मदद मिलेगी।

जनवरी में राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा परिषद (एनआरएससी) ने कहा था कि सुप्रीम कोर्ट ने 2002 और 2009 के बीच सभी कामर्शियल वाहनों में स्पीड गवर्नर को लगाने के संबंध में नोटिफिकेशन जारी किया था, लेकिन इस निर्देश का पालन राज्य सरकारों द्वारा नहीं किया गया था। जिससे सड़क दुर्घटनाओ में लगातार बढ़ोत्तरी होती रही ।

यूपी में होती है अधिक सडक दुर्घटनाएं 

राष्ट्रीय सडक सुरक्षा परिषद् के अनुसार देश में सबसे ज्यादा सडक दुर्घटनाएं जिन राज्यों में होती है उनमे यूपी भी शामिल है। इसके आलावा उस लिस्ट में तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश, महाराष्ट्र, कर्नाटक और हरियाणा हैं। देश में इन छः राज्यों में सबसे अधिक सडक दुर्घटनाएं होती हैं ।

राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के आंकड़ों से पता चला है कि वर्ष 2015 में देश भर में राष्ट्रीय राज्यमार्ग पर हुई सड़क दुर्घटनाओं में सबसे अधिक संख्या यूपी की ही है। एनसीआरबी के आंकड़ों के अनुसार उत्तर प्रदेश में राष्ट्रीय राजमार्ग पर एक वर्ष में कुल 6624 मौतें सडक दुर्घटना में हुई हैं । ये आंकड़ा पूरे देश में हुई सडक दुर्घटना में मारे गये लोगों का 13.3 फीसदी है । इसके बाद तमिलनाडु में 5479 लोग सडक दुर्घटना में मारे गये जो की पूरे देश का 11.0 फीसदी है।

ये है वाहनों की मानक स्पीड

परिवहन विभाग द्वारा वाहनों के मानक स्पीड की बात की जाये तो वह बाइक और कार में 40 किमी /घंटा है। जबकि छोटे भार वाहन में प्रति घंटा 30 से 65 किमी और बड़े भार वाहन में 40 से 60 किमी /घंटा है।

क्या कहते है अधिकारी

परिवहन विभाग के विशेष सचिव प्रकाश बिन्दु ने   बताया की स्पीड गवर्नर लगाने का फैसला सडक दुर्घटनाओं को रोकने में अहम फैसला हो सकता है। इसके निर्देश सभी जिलों को भेजें जा रहे हैं।सिलसिलेवार ढंग से इस योजना को अमल में लाया जायेगा । इसकी शुरुआत कामर्शियल वाहनों से की जायेगी क्योकि राष्ट्रीय राजमार्गों पर सडक दुर्घटना में सबसे अधिक मौतें होती हैं।

 

Save the Children India, Best NGO to Support Child Rights, Best NGO in Lucknow, Skills Development NGO, Health NGO Lucknow, Education NGO Lucknow, NGO for Women Empowerment, NGO in India, Non Governmental Organisations, Non Profit Organisations, Best NGO in India

 


All Comments

Leave a Comment

विशिष्ट वक्तव्य 

विशिष्ट महानुभावों के वशिष्ट अवसरों पर राय

Facebook
Follow us on Twitter
Recommend us on Google Plus
Visit To Website
Visit To Website